डीएम ने प्रचार-प्रसार के लिए ई-रिक्शा को दिखाई हरी झंडी; केंद्र के साथ बिहार सरकार की अतिरिक्त सब्सिडी, मार्च 2027 तक मिलेगा लाभ
श्यामल प्रतीक | रक्सौल अनुमंडल रिपोर्टर
चाणक्य न्यूज़ इंडिया
मोतिहारी, 19 अगस्त। घरों की छतों पर सौर ऊर्जा संयंत्र लगाकर बिजली खर्च कम करने और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने वाली पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना को पूर्वी चंपारण में अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए जिला प्रशासन ने जागरूकता अभियान तेज कर दिया है। इसी क्रम में जिलाधिकारी, पूर्वी चंपारण ने योजना के प्रचार-प्रसार के लिए ई-रिक्शा वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
ये प्रचार वाहन जिले के विभिन्न शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में पहुंचकर आम लोगों को पीएम सूर्य घर योजना, आवेदन और केंद्र एवं राज्य सरकार की ओर से उपलब्ध कराई जा रही सब्सिडी के संबंध में जागरूक करेंगे।
केंद्र के साथ अब राज्य सरकार की भी अतिरिक्त मदद
जिलाधिकारी ने बताया कि योजना के तहत केंद्र सरकार की ओर से पहले से दी जा रही सब्सिडी के अतिरिक्त बिहार सरकार ने भी उपभोक्ताओं को अतिरिक्त अनुदान देने का प्रावधान किया है।
प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार 1 किलोवाट के सोलर संयंत्र पर केंद्र सरकार की ₹30 हजार की सब्सिडी के साथ राज्य सरकार की ओर से ₹10 हजार अतिरिक्त सहायता मिलेगी। वहीं 2 किलोवाट पर कुल ₹80 हजार और 3 किलोवाट पर कुल ₹98 हजार तक की सब्सिडी का लाभ मिल सकेगा।
‘पहले आओ, पहले पाओ’ के आधार पर राज्य की अतिरिक्त सब्सिडी
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार की अतिरिक्त सब्सिडी ‘पहले आओ, पहले पाओ’ के आधार पर उपलब्ध कराई जाएगी और इसका लाभ मार्च 2027 तक दिए जाने की बात कही गई है। उन्होंने इच्छुक उपभोक्ताओं से समय रहते आवेदन कर योजना का लाभ उठाने की अपील की।
जिलाधिकारी ने कहा कि सौर ऊर्जा को अपनाने से जहां आम उपभोक्ताओं को बिजली बिल में राहत मिल सकती है, वहीं स्वच्छ एवं हरित ऊर्जा के उपयोग को भी बढ़ावा मिलेगा। रूफटॉप सोलर के विस्तार से परंपरागत बिजली पर निर्भरता कम करने की दिशा में भी मदद मिलेगी।
गांवों तक पहुंचेगी योजना की जानकारी
जिला प्रशासन और विद्युत विभाग का जोर इस बात पर है कि योजना की जानकारी केवल शहरों तक सीमित न रहे। प्रचार ई-रिक्शा ग्रामीण क्षेत्रों में भी जाकर लोगों को उपलब्ध सब्सिडी एवं योजना से जुड़ी आवश्यक जानकारी देंगे। प्रशासन का उद्देश्य जिले के अधिक से अधिक पात्र और इच्छुक उपभोक्ताओं को सौर ऊर्जा से जोड़ना है।
कार्यक्रम में विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंता मोतिहारी, कार्यपालक अभियंता रक्सौल, कार्यपालक अभियंता चकिया, सहायक विद्युत अभियंता मोतिहारी शहरी एवं ग्रामीण सहित विभाग के अन्य पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
जिला प्रशासन एवं विद्युत विभाग की यह पहल ऐसे समय में महत्वपूर्ण है, जब घरेलू स्तर पर सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए सरकारी प्रोत्साहन पर विशेष जोर दिया जा रहा है। अब अभियान की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि योजना की जानकारी जिले के गांवों और कस्बों में कितनी प्रभावी ढंग से पहुंचती है और कितने परिवार इसका लाभ उठाकर अपनी छत को ऊर्जा के स्रोत में बदल पाते हैं।
