मानव तस्करी, मादक पदार्थ और खाद की अवैध आवाजाही पर कसेगा शिकंजा; अपराध कर सीमा पार छिपने वालों पर त्वरित सूचना साझा करने पर जोर
चाणक्य न्यूज़ इंडिया
श्यामल प्रतीक | रक्सौल अनुमंडल रिपोर्टर
मोतिहारी। भारत-नेपाल की खुली सीमा का दुरुपयोग कर होने वाली आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण और दोनों देशों की सुरक्षा एजेंसियों के बीच समन्वय को और मजबूत करने के उद्देश्य से झरोखर थाना के नवनिर्मित भवन में शनिवार शाम भारत और नेपाल के अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। बैठक की अध्यक्षता सिकरहना एसडीएम विजय कुमार ने की।
बैठक का फोकस केवल सीमा पर होने वाली तस्करी तक सीमित नहीं रहा, बल्कि मानव तस्करी, मादक पदार्थ, खाद एवं अन्य प्रतिबंधित वस्तुओं की अवैध आवाजाही से लेकर अपराध करने के बाद सीमा पार शरण लेने वाले अपराधियों के खिलाफ साझा और त्वरित कार्रवाई की रणनीति पर भी चर्चा हुई।
मानव तस्करी और मादक पदार्थों पर विशेष नजर
अधिकारियों ने माना कि खुली सीमा दोनों देशों के ऐतिहासिक और सामाजिक संबंधों की महत्वपूर्ण कड़ी है, लेकिन इसका दुरुपयोग करने वाले तस्करों और आपराधिक तत्वों के खिलाफ मजबूत निगरानी एवं सूचना तंत्र आवश्यक है।
बैठक में खाद की अवैध आवाजाही, मादक पदार्थों की तस्करी, मानव तस्करी तथा अन्य प्रतिबंधित सामानों की आवाजाही रोकने के लिए दोनों ओर की सुरक्षा एजेंसियों के बीच सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान और बेहतर तालमेल पर जोर दिया गया।
अपराध कर सीमा पार छिपना नहीं होगा आसान
बैठक का एक महत्वपूर्ण मुद्दा ऐसे अपराधी भी रहे, जो एक देश में वारदात को अंजाम देने के बाद दूसरे देश की सीमा में प्रवेश कर शरण लेने की कोशिश करते हैं। अधिकारियों ने ऐसे मामलों में संबंधित एजेंसियों के बीच तत्काल सूचना साझा करने और समन्वित कार्रवाई के जरिए अपराधियों तक पहुंचने पर जोर दिया।
सीमावर्ती क्षेत्रों में संदिग्ध व्यक्तियों और गतिविधियों से जुड़ी महत्वपूर्ण सूचनाओं को समय रहते साझा करने की आवश्यकता भी रेखांकित की गई।
खुली सीमा पर मजबूत सूचना तंत्र सबसे अहम
सिकरहना एसडीएम विजय कुमार और एसडीपीओ अभिषेक कुमार ने कहा कि भारत-नेपाल की खुली सीमा को देखते हुए दोनों देशों की सुरक्षा एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय बेहद आवश्यक है। मजबूत सूचना तंत्र, नियमित संवाद और समय पर कार्रवाई के माध्यम से सीमा क्षेत्र में होने वाली गैरकानूनी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकता है।
भारत-नेपाल के अधिकारी एक मंच पर
बैठक में भारत की ओर से 71वीं वाहिनी एसएसबी के सहायक कमांडेंट अखिलेश कुमार एवं प्रमोद कुमार, अमित कुमार, 20वीं वाहिनी एसएसबी कुंडवा चैनपुर के अधिकारी, सीओ अतुल कुमार बादल, बनकटवा सीओ, घोड़ासहन थानाध्यक्ष अमरजीत कुमार, झरोखर थानाध्यक्ष असलम अंसारी, कुंडवा चैनपुर थानाध्यक्ष राहुल कुमार तथा जितना थानाध्यक्ष सुधीर कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
नेपाल की ओर से इंस्पेक्टर कृष्ण प्रसाद साह, नेपाल आर्म्ड पुलिस फोर्स के अधिकारी तथा बारा और रौतहट जिलों के पुलिस पदाधिकारी बैठक में शामिल हुए।
नियमित समन्वय बैठकों पर सहमति
बैठक के अंत में दोनों देशों के अधिकारियों ने भविष्य में भी इस तरह की समन्वय बैठकें नियमित रूप से आयोजित करने की आवश्यकता पर बल दिया। सीमा से जुड़ी संवेदनशील सूचनाओं के आदान-प्रदान और जरूरत पड़ने पर त्वरित समन्वित कार्रवाई को मजबूत करने पर सहमति बनी।
भारत और नेपाल के बीच सदियों पुराने सामाजिक, सांस्कृतिक और पारिवारिक संबंधों से जुड़ी खुली सीमा दोनों देशों की विशिष्ट पहचान है। ऐसे में सीमा की सहजता को बनाए रखते हुए अपराध और तस्करी के लिए उसके दुरुपयोग को रोकना दोनों देशों की सुरक्षा एजेंसियों के लिए साझा चुनौती है। झरोखर की यह बैठक इसी साझा जिम्मेदारी को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखी जा रही है।
