रामगढ़वा सहयोग शिविर में अधिकारियों ने आमजन से लिया फीडबैक, 288 आवेदन प्राप्त, 121 मामलों का मौके पर हुआ निष्पादन
रक्सौल। (चाणक्य न्यूज़ इंडिया) | रक्सौल अनुमंडल संवाददाता : श्यामल प्रतीक
पूर्वी चंपारण में प्रशासन को जनता के और करीब लाने की दिशा में चलाए जा रहे “सहयोग शिविर” अभियान के तहत सोमवार को रामगढ़वा प्रखंड के रामगढ़वा पंचायत में आयोजित शिविर उस समय विशेष बन गया, जब जिलाधिकारी सौरभ सुमन यादव और पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात स्वयं शिविर में पहुंचे। दोनों शीर्ष अधिकारियों ने न केवल आम लोगों की शिकायतें गंभीरता से सुनीं, बल्कि संबंधित अधिकारियों को उनके त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन के स्पष्ट निर्देश भी दिए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने शिविर में पहुंचे ग्रामीणों से सीधे संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं, शिविर की कार्यप्रणाली तथा प्रशासन द्वारा किए जा रहे कार्यों पर फीडबैक प्राप्त किया। उन्होंने लोगों से यह भी जाना कि संबंधित पदाधिकारी उनकी समस्याओं को किस गंभीरता से सुन रहे हैं और समाधान से वे कितने संतुष्ट हैं।
जिलाधिकारी सौरभ सुमन यादव ने कहा कि “सहयोग शिविर पंचायत स्तर पर सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जहां लोगों की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर ही समाधान सुनिश्चित किया जा रहा है। नागरिक अपनी समस्याओं को प्रशासन के समक्ष निसंकोच रखें, प्रशासन पूरी तत्परता से उनके समाधान के लिए प्रतिबद्ध है।” उन्होंने स्पष्ट किया कि प्राप्त आवेदनों का दस दिनों के भीतर निष्पादन अनिवार्य है। निर्धारित समय सीमा में कार्रवाई नहीं होने पर संबंधित पदाधिकारी से स्वतः स्पष्टीकरण लिया जाएगा।
पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात ने भी लोगों से संवाद करते हुए भरोसा दिलाया कि कानून-व्यवस्था, सुरक्षा तथा पुलिस से जुड़े मामलों में किसी भी शिकायत पर त्वरित कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि आमजन की समस्याओं को संवेदनशीलता एवं पारदर्शिता के साथ प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाए।
गौरतलब है कि जिलाधिकारी सौरभ सुमन यादव एवं पुलिस अधीक्षक स्वर्ण प्रभात की कार्यशैली आम लोगों के बीच लगातार चर्चा का विषय बनी हुई है। दोनों अधिकारी नियमित रूप से जनता दरबार, क्षेत्र भ्रमण एवं जनसुनवाई के माध्यम से सीधे लोगों से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं को सुनते हैं और उनके त्वरित निष्पादन की प्रभावी मॉनिटरिंग भी करते हैं। यही कारण है कि जिले में प्रशासन के प्रति आम लोगों का विश्वास लगातार मजबूत हुआ है।
प्रखंड विकास पदाधिकारी रामगढ़वा ने बताया कि सहयोग शिविर में कुल 288 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 121 मामलों का ऑन-द-स्पॉट निष्पादन कर दिया गया, जबकि शेष आवेदनों को संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्रवाई के लिए भेज दिया गया।
उल्लेखनीय है कि सहयोग शिविर के पांचवें चरण के अंतर्गत सोमवार को पूर्वी चंपारण जिले की 71 पंचायतों में एक साथ शिविर आयोजित किए गए, जहां विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहकर लोगों की समस्याओं का समाधान करने में जुटे रहे।
— चाणक्य न्यूज़ इंडिया
रक्सौल अनुमंडल संवाददाता : श्यामल प्रतीक
