अमूल और मदर डेयरी के बाद अब सुधा डेयरी ने भी दूध के दाम बढ़ाने का फैसला लिया है। सुधा दूध की कीमतों में 2 रुपए की बढ़ोतरी की गई है। फुल क्रीम मिल्क (गोल्ड) के लिए अब प्रति लीटर 67 रुपए देने होंगे।
वहीं सुधा शक्ति दूध अब 57 रुपए के बजाय 59 रुपए प्रति लीटर मिलेगा। गाय के दूध की कीमत भी 54 रुपए से बढ़कर 56 रुपए हो गई है। इसके अलावा सुधा डेयरी ने फुल क्रीम, टोंड, डबल टोंड समेत कई वैरायटी के दाम बढ़ाए हैं।
बढ़ी हुई कीमतें 22 मई से लागू होंगी, जो बिहार और झारखंड दोनों राज्यों में प्रभावी रहेंगी। यह बढ़ोतरी उत्पादन लागत, पशु चारे की बढ़ती कीमतों और वितरण खर्च में वृद्धि के कारण की गई है।
फिलहाल सुधा के अन्य प्रोडक्ट जैसे घी, पेड़ा, लस्सी आदि की कीमतों में बढ़ोतरी नहीं हुई है।
इससे पहले 21 मई 2025 को सुधा डेयरी ने बिहार में अपने सभी प्रकार के दूध की कीमतों में 2 रुपए प्रति लीटर तक इजाफा किया था। वहीं, 4 जून 2024 को भी सभी वेरिएंट के दाम बढ़ाए गए थे। उस समय भी कीमतों में 2 रुपए प्रति लीटर तक की ही बढ़ोतरी हुई थी।
अमूल दूध, मदर डेयरी में भी 2 रुपए प्रति लीटर की बढ़ोतरी
इससे पहले 1 मई से अमूल ने भी देशभर में दूध के दाम में 2 रुपए लीटर की बढ़ोतरी की है। अमूल स्टैंडर्ड, अमूल बफैलो मिल्क, अमूल गोल्ड, अमूल स्लिम एंड ट्रिम, अमूल चाय मजा, अमूल ताजा और अमूल काऊ मिल्क की कीमतों में 2 रुपए की बढ़ोतरी हुई है। वहीं मदर डेयरी ने भी दूध के दाम में दो रुपए प्रति लीटर की बढ़ोतरी की है।
को-ऑपरेटिव के मुताबिक, दूध के प्रोडक्शन और ऑपरेशनल खर्च में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। पशु चारे की बढ़ती कीमत और ट्रांसपोर्टेशन कॉस्ट बढ़ने की वजह से समय-समय पर दूध की कीमतों में बदलाव करना पड़ता है। पिछले कुछ सालों में डेयरी इंडस्ट्री पर इनपुट कॉस्ट का दबाव काफी बढ़ गया है।
1983 में हुई थी सुधा दूध की शुरुआत
सुधा दूध बिहार राज्य दुग्ध सहकारी संघ लिमिटेड (कॉम्फेड) के तहत संचालित होता है। इसकी शुरुआत 1983 में हुई थी। यह बिहार में सहकारी दुग्ध योजना के रूप में स्थापित किया गया था, जिसका उद्देश्य किसानों को दूध के उचित दाम दिलाना और दूध माफिया के शोषण को खत्म करना था।
